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तीसरी बार CM हेमंत सोरेन कराएंगे कोरोना टेस्‍ट, मंत्रियों को होम क्वारंटाइन का आदेश

रांची। झारखंड में कोरोना संक्रमण के बढ़ते दायरे ने सरकार की भी चिंता बढ़ा दी है। मंगलवार को स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता के संक्रमित होने के बाद सीएम हेमंत सोरेन ने अपने मंत्रिमंडल के सभी मंत्रियों को एहतियात बरतने, जांच कराने और होम क्वारंटाइन होने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन खुद भी होम क्वारंटाइन में हैं। बुधवार को वे दिनभर मुख्यमंत्री आवास में रहे।

सीएम के आदेश के बाद मंत्री रामेश्वर उरांव, बादल पत्रलेख, आलमगीर आलम, सत्यानंद भोक्ता रांची स्थित अपने आवास पर क्वारंटाइन हो गए हैं। वहीं, शिक्षा मंत्री जगरनाथ महतो डुमरी स्थित अपने आवास पर क्वारंटाइन हुए हैं। सभी मंत्रियों ने नियम के अनुसार कोरोना की जांच कराने की बात कही है। फिलहाल सभी घर से काम करेंगे। इस बीच मुख्यमंत्री ने अपने सारे कार्यक्रम रद कर दिए हैं।

उनसे मुलाकात पर भी रोक लगा दी गई है। 20 अगस्त को दुमका में सीएम को मेडिकल कॉलेज में बनाए गए वायरोलॉजी और कोविड-19 जांच लैब का उद्घाटन करना था, लेकिन यह दौरा भी उन्होंने टाल दिया है। जल्द ही मुख्यमंत्री और उनके कार्यालय के अधिकारियों-कर्मियों का कोरोना टेस्ट किया जाएगा। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और उनकी पत्नी कल्पना सोरेन इससे पहले भी दो बार कोरोना जांच करा चुके हैं।

दोनों बार उनकी जांच रिपोर्ट निगेटिव आई है। अब वह तीसरी बार जांच कराएंगे। मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव राजीव अरुण एक्का, मुख्यमंत्री के प्रेस सलाहकार अभिषेक प्रसाद और वरीय आप्त सचिव सुनील श्रीवास्तव भी होम क्वारंटाइन में हैं।

तबीयत खराब थी तो बैठक में क्यों आए बन्ना

कोरोना संक्रंमित स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता के मंगलवार को कैबिनेट की बैठक में शामिल होने पर भी सवाल उठ रहे हैं। कहा जा रहा है कि जब उनकी तबीयत खराब थी तो वे बैठक में शामिल होने क्यों आए। भले ही तब तक उनकी रिपोर्ट नहीं आई थी, लेकिन उनके चालक और अंगरक्षक की रिपोर्ट पॉजिटिव थी। इस आधार पर भी उन्हें बैठक में शामिल होने से परहेज करना चाहिए था।

कहा जा रहा है कि एंटीजन टेस्ट निगेटिव आने के बाद जब उन्होंने सैंपल दिया तो उसकी रिपोर्ट आने का इंतजार क्यों नहीं किया और तबीयत खराब होने के बावजूद उन्होंने मुख्यमंत्री सचिवालय में मंत्रियों और अधिकारियों से मुलाकात क्यों की। बन्ना गुप्ता एक लापरवाही के कारण मुख्यमंत्री समेत मंत्रियों पर संक्रमण का खतरा मंडरा रहा है।

मिथिलेश ठाकुर को छोड़ सभी मंत्री थे कैबिनेट की बैठक में

मंगलवार को राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में पेयजल एवं स्वच्छता मंत्री मिथिलेश ठाकुर को छोड़ सारे मंत्री मौजूद थे। बन्ना गुप्ता के संक्रमित पाए जाने के बाद सभी होम क्वारंटाइन में हैं। वहीं बन्ना गुप्ता से गिरिडीह के विधायक सुदीव्य कुमार सोनी, तमाड़ के विधायक विकास सिंह मुंडा और गांडेय के विधायक सरफराज अहमद ने भी मुलाकात की थी। मंत्रिमंडल की बैठक के वक्त तीनों मुख्यमंत्री सचिवालय में थे। अब इन तीनों विधायकों ने भी खुद को होम क्वारंटाइन कर लिया है।

कई नेता-अफसर और जज हो चुके हैं संक्रमित

राज्य के कई नेता और अफसर कोरोना संक्रमित हो चुके हैं। इसमें आजसू प्रमुख सुदेश महतो, विधायक दीपिका पांडेय सिंह शामिल हैं, जबकि विधायक मथुरा महतो, सीपी सिंह और लंबोदर महतो स्वस्थ हो चुके हैं। वहीं अधिकारियों में विकास आयुक्त केके खंडेलवाल और कैबिनेट सचिव अजय कुमार सिंह भी संक्रमण की चपेट में हैं। हाई कोर्ट के जज जस्टिस केपी देव भी कोरोना संक्रमित पाए गए हैं।

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