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सिंधिया बोले- ग्वालियर में कमलनाथ का स्वागत, हमारी सोच विकासवादी है, किसी को निपटाने की नहीं

ग्वालियर: राज्य सभा सासंद ज्योतिरादित्य सिंधिया ने एक दिवसीय दौरे दौरान ग्वालियर में कांग्रेस पर जमकर निशाना साधा। कमलनाथ के ग्वालियर दौरे को लेकर कहा कि यदि वे आए तो उनका स्वागत किया जाएगा। सिंधिया ने कहा कि बीजेपी की सोच विकासवादी है और कांग्रेस का काम कटाक्ष करना है। जनता सब जानती है। आने वाले उपचुनावों में जनता सही निर्णय लेगी। वहीं मीडिया से कहा कि चौथे स्तंभ के रुप में हमेशा जनहित के लिए मुद्दे उठाने चाहिए जिससे उन्हें न्याय मिल सके।

गुरुवार को मीडिया के सवालों के जबाव देते हुए सिंधिया ने कहा कि बीजेपी सरकार हमेशा विकास की बात करती है। यही कारण है कि जब से मध्य प्रदेश में बीजेपी की सरकार आई है, चाहे चंबल एक्सप्रेस के प्रोजेक्ट की बात हो या ग्वालियर में एलिवेटेड सड़क बनाने की इस तरह के तमाम बड़े प्रोजेक्ट शुरू हुए हैं और आने वाले समय में इस तरह के तमाम बड़े प्रोजेक्टों पर भी काम चल रहा है जो कि जल्द स्वीकृत होकर धरातल पर नजर आएंगे। वहीं आने वाले दिनों में पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ के दौरे के सवाल पर कहा कि हम ग्वालियर के लोग हैं। अतिथि देवो भव परंपरा पर विश्वास करते हैं, यदि वह आएंगे तो हम उनका स्वागत करेंगे लेकिन आने वाले उपचुनाव में जनता सही निर्णय लेगी।

आगामी उपचुनाव में हमारी विकासवादी सोच है हम किसी को निपटाने के लिए चुनाव में नहीं जा रहे हैं। इसके साथ ही मध्यप्रदेश में लोक डाउन के दौरान घटिया चावल बांटे जाने के सवाल पर कहा कि आप चौथे स्तंभ है। हमें पूरी उम्मीद है कि जनहित के मुद्दे आप लोग उठाएंगे और दोषियों पर काम करना सरकार का काम है क्योंकि हम सरकार में हैं। इसलिए हम उन पर कठोर कार्यवाही भी करेंगे। जीडीपी को लेकर केंद्र सरकार को फेल बताने के राहुल गांधी के बयान पर कहा कि एक तरफ विकासवादी सोच है और दूसरी तरफ केवल कटाक्ष करने वाले लोग हैं जनता सब जानती है

इससे पहले सिंधिया ने अपने कुलगुरू सूफी संत मंसूर शाह की गोरखी देवघर स्थित स्थान पर करीब डेढ घंटे तक रहे यहां उन्होंने गोरखी देवघर के पुजारियों के साथ करीब सवा घंटे तक पूजा अर्चना की। इस दौरान ढोली बुआ संत भी मौजूद थे और वह धार्मिक उपदेश दे रहे थे। परंपरा के अनुसार हर साल सिंधिया राजपरिवार का मुखिया गोरखी देवघर में आकर मंसूर शाह के एक दिवसीय उर्स में शामिल होता है और उनके आशीर्वाद के स्वरूप में फूल गिरने का इंतजार करता है। इस दौरान लोहवान और धूप से मोर पंख द्वारा फूलों को झरा जाता है।

इस बार सिंधिया परिवार को आशीर्वाद के रूप में फूल गिरने के लिए करीब सवा घंटे इंतजार करना पड़ा।इस मौके पर उनके समर्थक और प्रदेश के कैबिनेट मंत्री प्रद्युम्न तोमर सहित वरिष्ठ राजनेता और समर्थक मौजूद थे। पूजा के बाद सिंधिया ने कहा कि वे परिवार के मुखिया होने के नाते हर साल यहां आते हैं और मंसूर शाह का आशीर्वाद लेते हैं। इस दौरान उन्होंने किसी भी राजनीतिक प्रश्न का जवाब देने से बचने की कोशिश की और कहा कि जहां तक शिक्षक पात्रता भर्ती प्रक्रिया का सवाल है तो वह सभी का ख्याल रखेंगे और इसके लिए मुख्यमंत्री से चर्चा भी करेंगे।

 

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