Cover

एसपी के सुरों का कर्ज़दार सलमान ख़ान का स्टारडम, ‘प्रेम’ के लिए लगा दी थी हिट गानों की झड़ी

नई दिल्ली। भारतीय सिनेमा में एक ऐसा भी दौर था, जब पर्दे के पीछे सरगम से रंग जमाने वाले गायक पर्दे पर होंठ हिलाने वाले उस सितारे की पहचान बन जाते थे। साठ के दशक में मोहम्मद रफ़ी के बिना शम्मी कपूर अधूरे लगते थे तो सत्तर के दौर में राजेश खन्ना की अदाकारी और किशोर कुमार की आवाज़ का संगम दिलों को सुकून देता था।

धर्मेंद्र और मोहम्मद रफ़ी की जोड़ी का सुरीला जादू भी हिंदी सिनेमा के दर्शकों को दशकों तक सम्मोहित करता रहा। बाद में अमिताभ बच्चन के स्टारडम को किशोर कुमार की आवाज़ का सहारा मिला। इसी परम्परा की अगली कड़ी के रूप में उदय हुआ एसपी बालासुब्रमण्यम और सलमान ख़ान की जुगलबंदी का।

नब्बे के दौर में जब सलमान स्टारडम की सीढ़ियां चढ़ रहे थे तो पर्दे के पीछे से एसपी उनके क़दमों को अपनी अलग तरह की आवाज़ से संभाले हुए थे। उस दौर में सलमान पर फ़िल्माए गये अधिकतर हिट गाने एसपी की मीठी आवाज़ से ही सजे हुए थे। सलमान की पहली ब्लॉकबस्टर फ़िल्म ‘मैंने प्यार किया’ से यह जोड़ी बनी।

दिल दीवाना बिन सजना के, आजा शाम होने आयी, मेरे रंग में रंगने वाली… पहली मोहब्बत का गुदगुदाने वाला एहसास जब नौजवानों के दिलों में गहराता तो ज़ुबां पर एसपी की आवाज़ साज़ बन जज़्बात बाहर लेकर आती। मैंने प्यार किया के सभी गानों को एसपी ने आवाज़ दी। सलमान को एसपी की आवाज़ ने प्रेम का प्रतीक बना दिया।

सलमान के लिए एसपी ने इसके बाद कई फ़िल्मों में प्लेबैक सिंगिंग की, जिनमें ‘साजन’, ‘हम आपके हैं कौन’, और ‘अंदाज़ अपना-अपना’ जैसी फ़िल्मों के गाने शामिल हैं। सलमान को पर्दे का प्रेम बनाने में एसपी का योगदान ख़ुद सलमान नहीं भूले हैं। इसीलिए गुरुवार रात को जब सलमान को उनकी तबीयत बिगड़ने की ख़बर मिली तो उन्होंने उसी बात को याद किया। सलमान ने उनकी सेहत की दुआ मांगते हुए लिखा था- आपने मेरे लिए जो भी गाना गया, उसके लिए शुक्रिया। आपने मुझे ख़ास बनाया। आपका दिल दीवाना हीरो प्रेम। लव यू सर।

एसपी के निधन पर सलमान ने लिखा- एसपी बालासुब्रमण्यम सर के बारे में सुनकर दिल टूट गया है। आपने संगीत की जो विरासत छोड़ी है, उसमें हमेशा ज़िंदा रहेंगे। परिवार के लिए संवेदनाएं।

दिलचस्प पहलू यह है कि एसपी बालासुब्रमण्यम ने 16 भाषाओं में 40 हज़ार से अधिक गानों को अपनी मधुर आवाज़ से सजाया। इसके लिए उनका नाम गिलीज़ बुक ऑफ़ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में भी दर्ज़ है। तमाम फ़िल्मी पुरस्कारों के साथ उन्हें पद्मश्री और पद्म भूषण से भी सम्मानित किया गया था। प्लेबैक सिंगर के तौर पर उन्होंने अपना करियर 1966 में तेलुगु फ़िल्म श्री श्री मर्यादा रामान्ना से शुरू किया था।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Accept Read More

Privacy & Cookies Policy